सुंदरनगर की नर्वदा शर्मा बनीं मिसेज़ फैशनेबल – नौकरी और मॉडलिंग में रचा नया इतिहास

 
सुंदरनगर की नर्वदा शर्मा बनीं मिसेज़ फैशनेबल – नौकरी और मॉडलिंग में रचा नया इतिहास

सुंदरनगर की नर्वदा शर्मा बनीं मिसेज़ फैशनेबल – नौकरी और मॉडलिंग में रचा नया इतिहास


 "नारी शक्ति की मिसाल बनीं नर्वदा शर्मा"
 मिसेज़ फैशनेबल 2025 का खिताब जीत कर रच डाली नई कहानी

HimachalToday.in

सुंदरनगर, हिमाचल प्रदेश | विशेष संवाददाता

सरकारी नौकरी और फैशन की दुनिया—ये दो अलग-अलग राहें हैं, लेकिन जब आत्मविश्वास और जुनून साथ हो, तो ये राहें एक मुकाम पर मिलती हैं। इसी का जीता-जागता उदाहरण हैं सुंदरनगर निवासी नर्वदा शर्मा, जिन्होंने "इंडियाज़ नेक्स्ट फैशन मॉडल 2025" प्रतियोगिता में मिसेज़ फैशनेबल का खिताब जीतकर हर किसी को चौंका दिया।

सुंदरनगर की नर्वदा शर्मा बनीं मिसेज़ फैशनेबल – नौकरी और मॉडलिंग में रचा नया इतिहास

 दो दुनियाओं के बीच संतुलन:

बाल विकास विभाग में अधिकारी के रूप में काम करने वाली नर्वदा न केवल अपनी ड्यूटी बखूबी निभा रही हैं, बल्कि फैशन और मंच की दुनिया में भी परचम लहरा रही हैं। वे कहती हैं,

> "मैं हमेशा से आत्मविकास और फैशन की दुनिया से जुड़ना चाहती थी। यह खिताब जीतना मेरे लिए एक सपना पूरा होने जैसा है।"

सुंदरनगर की नर्वदा शर्मा बनीं मिसेज़ फैशनेबल – नौकरी और मॉडलिंग में रचा नया इतिहास

 क्या सीखा नर्वदा ने इस मंच से?

नर्वदा के अनुसार, यह सफर केवल स्टाइल और कैटवॉक तक सीमित नहीं था।

> "मंच पर चलना, खुद को आत्मविश्वास से पेश करना, और समय प्रबंधन जैसी चीज़ें मैंने सीखी। हर महिला प्रतियोगी कुछ खास लेकर आई थी, जिससे प्रेरणा मिली।"

 महिलाओं को उनका संदेश:

> "खुद पर यक़ीन रखें। ज़िम्मेदारियाँ आपके सपनों की राह में बाधा नहीं, प्रेरणा बन सकती हैं। आप चाहे माँ हों, वर्किंग वुमन हों या गृहिणी – आपके सपने उतने ही बड़े हो सकते हैं जितना आप उन्हें मानें।"

 
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भविष्य की योजनाएं:

नर्वदा अब अपने पेशेवर जीवन के साथ-साथ मॉडलिंग और महिला सशक्तिकरण के लिए काम करना चाहती हैं।

> "मैं चाहती हूं कि मेरी कहानी अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बने – एक आवाज़ जो कहे कि 'तुम कर सकती हो’।"

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+ अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के जश्न के दौरान 

दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में लारवती सुधा चंदन जी से नारी शक्ति पुरस्कार भी मिला है। 

+ डब्ल्यूसीडी विभाग से भी अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर कॉटिनु पुरस्कार उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्राप्त किया गया है।

+ डब्ल्यूसीडी से ही सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए सर्वश्रेष्ठ पर्यवेक्षक का भी पुरस्कार, उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए हासिल किया है।

नर्वदा शर्मा की कहानी उस नवभारत की नारी का परिचय देती है, जो पारंपरिक ज़िम्मेदारियों के साथ अपने सपनों की भी उड़ान भरती है। उन्होंने यह साबित कर दिखाया कि असली फैशन आत्मविश्वास, संतुलन और साहस में होता है। इस प्रेरक कहानी को ज़रूर साझा करें ताकि और महिलाएं अपने भीतर की शक्ति को पहचान सकें। 

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